एसईआरएफ ने 150 विधवाओं को ईद पर दिए कपड़े और खाद्य सामग्री

समाज की 150 विधवा औरत के शाहीन एजुकेशनल एंड रिसर्च फाउंडेशन ( एसईआरएफ ) बने मसीहा, ईद पर पेश की नई मिसाल.

नई दिल्ली: शाहीन एजुकेशनल एंड रिसर्च फाउंडेशन ( एसईआरएफ ) ने एक नई मिशाल कायम करते हुवे 150 विधवा औरत को कपड़ा और खाद्य सामग्री का वितरण कर ईद पर नई सौगात पेश किया. महागामा विधानसभा के विभिन्न गांव से एसईआरएफ ग्रुप महागामा, मेहरमा, बोआरीजोर, ठाकुरगंगटी व हनवारा के सदस्यों ने एसईआरएफ के सेंट्रल टीम प्रमुख रिसर्च स्कॉलर इंजीनियर अफ्फ़ान नोमानी को 150 विधवा औरतों की सूची सौंपी ( व्हाट्सप्प ग्रुप पर सभी औरतों का नाम पते के साथ सूची मौजूद है. ).

सूची तैयार होने के बाद आज एसईआरएफ ग्रुप गोड्डा के सदस्यों असलम परवेज, शोएब अहमद, ज़ाहिद, अहमद, इमरान फ़रहत, मुहम्मद शमी, इजहार, दिलशाद अंसारी, शम्सुल, इरफ़ान, वसीम, नसीम व अन्य कुल 25 गांव के 25 सदस्यों ने ईद के शुभ अवसर पर 150 विधवा औरतों को कपड़ा सबई चीनी व अन्य खाद्य सामग्री वितरण किया. गौरतलब हो की 50 औरतों के लिए सबई चीनी का इंतेज़ाम मशहूर सामाजिक कार्यकर्ता खालिद खलील साहब ने किया.जबकि 150 विधवा औरतों के लिए एसईआरएफ ने कपड़ा और खाद्य सामग्री पेश कर ईद की सौगात पेश की. समाज के 150 विधवा औरतों के लिए शाहीन एजुकेशनल एंड रिसर्च फाउंडेशन ( एसईआरएफ ) द्वारा एक दो नहीं बल्कि बड़ी संख्या में कपड़े के साथ खाद्य सामग्री का वितरण करने के जज्बे को मशहूर सामाजिक कार्यकर्ता खालिद खलील ने सलाम किया और सराहा.

एसईआरएफ सदस्यों ने भी खालिद खलील साहब का शुक्रिया अदा किया. विधवा औरतों ने नम आँखों से एसईआरएफ सदस्यों को दुआएं दी. सोशल मीडिया से लेकर जमीनी स्तर पर एसईआरएफ सदस्यों ने विभिन्न गांव में मुहीम चला कर सूची तैयार किया जिसके परिणामस्वरूप आज उन तमाम विधवा औरतों के चेहरे पर मुस्कान ला कर शाहीन एजुकेशनल एंड रिसर्च फाउंडेशन ने समाज के के लिए नई मिशाल पेश कर दिया.