कोरोना काल में त्याग और समर्पण की मिसाल बने मऊ के SDM, इस तरह निभा रहे अपना फर्ज़

मऊ: उत्तर प्रदेश के मऊ जिले में अतिरिक्त उप जिला अधिकारी आशुतोष कुमार राय कोरोना के कठिन समय में त्याग और समर्पण के कारण अधिकारियों और कर्मचारियों के बीच अनूठी मिसाल बने हुये है। जिले में ‘एकीकृत कोविड कमांड सेंटर’ में नोडल अधिकारी की पूरी जिम्मेदारी संभाल रहे आशुतोष कुमार राय के साथ रह रहीं माता व बहन कोरोना पॉजिटिव हैं वही गांव पर पिता, भाई व दादा सहित समूचा परिवार कोरोना संक्रमित है। उसके बावजूद अपनी जिम्मेदारी को संभालते हुए लगातार कोविड अस्पतालों का निरीक्षण कर जमीनी हालात मसलन बेड की उपलब्धता, आक्सीजन व मेडिसिन की उपलब्धता सुनिश्चित करते हुए संक्रमित के लिए बने केयर सेंटर पर कंट्रोल बनाये रखते हैं। संक्रमित मरीजों की देखरेख संबंधित पूरी जिम्मेदारी निभाते नजर आ रहे हैं।

खास बात है कि इसी माह इनकी शादी सुनिश्चित थी लेकिन आईसीसीसी प्रमुख का महत्वपूर्ण जिम्मेदारी पूर्ण ड्यूटी के चलते इन्होंने अपना विवाह स्थगित कर दिया। वह लगातार पीपी किट पहनकर हॉस्पिटल दर हास्पिटल मरीजों के पास पहुंचकर निरीक्षण व जानकारी लेते नजर आ रहे हैं। गाजीपुर जिले के बैजलपुर गांव में एक सामान्य किसान परिवार में जन्मे आशुतोष कुमार राय इसके पूर्व मऊ के घोसी तहसील में उप जिला अधिकारी पद पर थे। इस दौरान आम जनता की देहरी तक न्याय पहुंचाने के क्रम में उन्होंने महत्वपूर्ण कार्य किए।

उन्होने कहा “ मेरे साथ रह रही मां और बहन के कोरोना संक्रमित होने के साथ ही पड़ोस के जिले में स्थित गांव पर पिता दादा और भाई भी संक्रमित हुए। कोविड कमांड सेंट्रल की पूरी जिम्मेदारी निभाते हुए तत्परता के साथ संक्रमित व्यक्तियों के सुख सुविधाओं को इलाज की पूरी व्यवस्था करना मेरी जिम्मेदारी में शामिल रहा। पूरा परिवार संक्रमित होने के बावजूद सही समय पर चिकित्सकीय सलाह, कोरोना कोविड प्रोटोकॉल का पालन व सकारात्मक विचारों के साथ ही देसी उपचार सहायक बना है।”

आशुतोष कुमार राय ने बताया “ घर पर आइसोलेशन मे रह रही बहन व मां को भी दूर से बैठकर सकारात्मक उर्जा देना, देसी उपचार व स्वास्थ्य का पूरा ख्याल रखने के साथ ही स्वयं गरम पानी, काढ़ा व भाफ का सेवन करता रहता हूं। इसके साथ ही कोरोना प्रोटोकॉल का पालन करते हुए जिले के सभी कोविड हॉस्पिटलों में पहुंच पीपी किट पहन कर एक-एक मरीज से की स्थिति से अवगत होता हूं। दवा बेड की उपलब्धता सुनिश्चित कराना मेरी जिम्मेदारी है। इसके साथ ही कोविड केयर सेंटर पर नियंत्रण के साथ ही इलाज के दौरान मृत संक्रमित व्यक्तियों शव को डिस्पोज कराने तक पूरी गतिविधियों पर मेरा नियंत्रण रहता है। ऐसे में मेरा मानना है कि सकारात्मक ऊर्जा के भरोसे ही सब कुछ संभव हो सकता है।”

अभी तक अविवाहित आशुतोष कुमार राय ने शादी टालने के विषय पर कहा “ फिलहाल यह व्यक्तिगत नहीं बल्कि सामाजिक दायित्व निर्वहन का समय है जिसे मैं अभी पूरा करने में लगा हूं। कोविड कोरोना संक्रमण की स्थिति सामान्य होने के बाद पुनः शादी विवाह पर विचार किया जायेगा।”